रादेव ने असाधारण मजबूती से चुनाव जीता और सभी प्रतिद्वंद्वियों को काफी पीछे छोड़ दिया। उनका यह परिणाम बुल्गारियाई राजनीति में एक स्पष्ट क्रांति के रूप में देखा जा रहा है।
उनकी पार्टी प्रोग्रेसिव बुल्गारिया ने लगभग 44 से 45 प्रतिशत मत प्राप्त किए और चुनाव परिणाम में प्रभुत्व स्थापित किया। इससे वह अन्य पार्टियों से काफी आगे निकल गई है।
अस्थिरता
चुनाव लंबे राजनीतिक अस्थिरता के दौर के बाद हुए। बुल्गारिया कई वर्षों तक कमजोर सरकारों और बार-बार संकटों से जूझता रहा।
Promotion
यह लगभग पांच वर्षों में आठवां चुनाव था, जो देश की राजनीतिक गतिरोध की गहराई को दर्शाता है।
यह परिणाम इस गतिरोध को खत्म कर सकता है। रादेव की मजबूत स्थिति से यह उम्मीद जगी है कि आखिरकार अधिक स्थिरता आएगी। अपनी चुनाव अभियान में रादेव ने भ्रष्टाचार और ओलिगार्किक सत्ता के विरोधी के रूप में खुद को प्रस्तुत किया। उन्होंने स्थापित बिरादरी की शक्ति को कम करने का वादा किया।
व्यावहारिक
कई मतदाताओं ने मौजूदा पार्टियों के प्रति अपनी असंतुष्टि जताई। आर्थिक समस्याओं और भ्रष्टाचार के प्रति निराशा एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाती रही। रादेव को रूस के साथ अधिक व्यावहारिक संबंधों के समर्थक के रूप में देखा जाता है। यह रवैया उन्हें अन्य राजनीतिक ताकतों से अलग बनाता है।
उनकी जीत से यूरोपीय संघ में बुल्गारिया के भविष्य के रास्ते को लेकर चिंता और अनिश्चितता पैदा हुई है। साथ ही यह उम्मीद भी है कि उनका मजबूत जनादेश स्थिरता ला सकता है।
अपनी बड़ी जीत के बावजूद स्थिर सरकार गठन को लेकर अनिश्चितता बनी हुई है। यह स्पष्ट नहीं है कि नए सत्ता संतुलन कैसे विकसित होंगे।

