IEDE NEWS

कोरोना आलोचना के खिलाफ मांस उद्योग के लिए वैश्विक समर्थन की अपील

Iede de VriesIede de Vries

अंतरराष्ट्रीय शैक्षणिक और कृषि जगत के दर्जनों प्रमुख संगठन और व्यक्ति पशुपालन और मांस उद्योग के समर्थन के लिए आवाज उठाए हैं।

एक खुले पत्र में सरकारों और संस्थानों से पूछा गया है कि वे सक्रिय रूप से इस बात का खंडन करें कि वर्तमान कोरोना संकट पशुपालन के कारण हुआ है। यह पत्र, जो पिछले शुक्रवार को विश्वव्यापी तौर पर प्रकाशित हुआ, पशुपालन के महत्व और इसके खाद्य आपूर्ति में स्थान को रेखांकित करता है।

65 से अधिक संगठन और उत्पादक, पशु चिकित्सा, शोध और शैक्षणिक क्षेत्रों के व्यक्ति कहते हैं कि ‘‘इस महामारी के दौरान पशुपालक थके बिना यह सुनिश्चित कर रहे हैं कि हमें सुरक्षित और सस्ते खाद्य पदार्थ मिलते रहे। यह अत्यंत आवश्यक है कि समाज इन प्रयासों का समर्थन करे,’’ पत्र में कहा गया है।

यह अपील हाल ही में संयुक्त राज्य अमेरिका और जर्मनी जैसे देशों में कर्मचारियों के कोरोना संक्रमित होने के कारण मांस निर्यात और सूअर व बछड़े पालन फार्मों के बंद होने पर प्रतिक्रिया स्वरूप की गई है। आलोचकों का कहना था कि वायरस का तीव्र प्रसार उस उद्योग के कामकाज और परिस्थितियों से जुड़ा हो सकता है।

इस अपील पर डॉ. डिर्क-जान डी कोनिंग (स्वीडिश कृषि विश्वविद्यालय), कार्स्टन मायर (यूरोपियन लिवestock एंड मीट ट्रेड्स यूनियन), पेका पेसोनन (सेग-जेन कोपा-कॉगेका), और डॉ. स्टेफन डी स्मेत (गेंट विश्वविद्यालय) सहित कनाडा, संयुक्त राज्य और न्यूजीलैंड की पशु और डेयरी उद्योग की शीर्ष हस्तियों ने हस्ताक्षर किए हैं। यह अपील विशेष रूप से यूरोपीय संघ और अंतरराष्ट्रीय संगठनों को भी संबोधित की गई है।

खास तौर पर यह जोर दिया गया है कि कोविड-19 संकट के लिए पशुपालन को जिम्मेदार ठहराने के दावों को खारिज किया जाए, यह कहते हुए कि ‘COVID-19 की सटीक उत्पत्ति अभी भी शोधाधीन है, लेकिन चल रहे अध्ययन लगातार पुष्टि कर रहे हैं कि घरेलू पशुपालन सुरक्षित है और कोविड-19 के प्रसार में इसका कोई योगदान नहीं है।’

एनिमलहेल्थयूरोप की महासचिव रॉक्साने फेल्लेर ने कहा कि ‘‘पशु पालन के मूल्य की और अधिक मान्यता के लिए इस अपील में भाग लेना जरूरी था, खासकर यूरोपीय पशुपालन और इसके बारे में कई गलत सूचनाओं के जरिए फैल रहे मतों को लेकर।’’

कोविड-19 की सटीक उत्पत्ति अभी भी जांच में है। वर्तमान साक्ष्य यह संकेत देते हैं कि यह जंगली जानवरों से मनुष्यों में फैली, जो पिछले शोध के अनुरूप है जिसमें ज़ूनोटिक रोगों का अधिकांश स्रोत जंगली जानवर पाए गए हैं।

यूरोपीय पशु और मांस श्रमिक संघ के महासचिव कार्स्टन मायर ने EURACTIV से कहा कि ‘‘कोविड-19 के प्रकोप को आधुनिक कृषि से जोड़ने के प्रयास प्रामाणिक नहीं हैं और उनका समर्थन वैज्ञानिक साक्ष्यों द्वारा नहीं होता, जो बताते हैं कि वायरस जंगली जानवरों से आया है,’’ उन्होंने जोर दिया।

यह लेख Iede de Vries द्वारा लिखा और प्रकाशित किया गया है। अनुवाद स्वचालित रूप से मूल डच संस्करण से उत्पन्न किया गया था।

संबंधित लेख